February 26, 2021 BY ivf 35093 Views

IVF क्या है? आईवीएफ द्वारा गर्भ धारण करने के उपरांत भी नार्मल डिलीवरी से बच्चा हो सकता है? (IVF in Hindi)

जैसे की हम सब जानते हैं की भारत में शादी के तुरंत बाद विवाहित जोड़े को संतान प्राप्त करने के जोर डाला जाता है| कुछ पड़े लिखे और मॉडर्न ख्यालों वाले लोग तो इन सब चीज़ों पर इतना धयान नहीं देते पर फिर भी कुछ समय गुजरने के बाद जैसे की ४ से ५ साल बाद वे भी दंपत्ति को संतान के लिए बोलने लगते है| परन्तु जब एक जोड़ा इतने प्रयासों के बाद भी माँ बाप बनने में सफल नहीं हो पता, तो ये चिंता का कारण अवश्य बन जाता है | तब उस जोड़े को IVF Centre in Punjab की सहायता से सर्वप्रथम तो गर्भ न धारण करने का कारण पता करवाना चाहिए| यहाँ ये कहना अनुचित नहीं होगा की बांझपन की समस्या अक्सर महिलाओं में ही पायी जाती है| ये समस्या बहुत सारे पुरुषों में भी पाई जाती है जिसे हम अंग्रेजी में Male Infertility कहते हैं|

  • IVF क्या है?

IVF एक ऐसी तकनीक है जिससे वो जोड़े आसानी से गर्भ धारण कर सकते हैं जिन्हे प्राकृतिक रूप से बच्चा करने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है| सबसे पहले तो इनफर्टिलिटी का कारण पता किया जाता है|जब इनफर्टिलिटी का कारण पता लग जाये उसके बाद उसके आधार पर Treatment Plan तैयार किया जाता है| जैसे की हमारे पास एक दंपत्ति बड़ी उम्मीद से आई| जिन्हे प्राकृतिक रूप से बच्चा करने में दिक्कत आ रही थी| हमेँ पता लगा की असल में वे दोनों ही इस समस्य का कारण है क्योंकि स्त्री PCOS नाम की समस्या से झूझ रही थी| जबकि पुरुष में ये दिक्कत पाई गयी की उनके शुक्राणु उस मात्रा में नहीं बन रहे जितने की जरूरी है अंडे को भ्रूण बनाने में|

हमने सबसे पहले तो स्त्री का ऑपरेशन करके उनके अंडाशय से गांठें निकाली और उनके प्रजनन अंगों को ठीक होने के लिए समय दिया| उसके बाद जैसे ही उनका ओवुलेशन पीरियड शुरू हुआ वैसे ही हमने उनके अंडाशय से अंडे निकाल लिए| जैसे की हमने ऊपर बताया की पुरुष कम शुक्राणु पैदा करने की समस्या से झूझ रहा था तो हमने ICSI तकनीक का सहारा लिया| इस तकनीक से हम कम शुक्राणुओं से भी अंडे को भ्रूण बना सकते है| एक शुक्राणु का प्रयोग बहुत सारे अंडो को भ्रूण बनाने में किया जा सकता है| भ्रूण बने हुए अंडो को कुछ दिन तक एक्सपर्ट की देख रेख में रखा जाता है| जैसे ही एक्सपर्ट ये पता लगा लेते है की कोनसा भ्रूण गर्भाशय में रखने के लिए उचित है वैसे ही उसे गर्भ में प्रत्योरोपित कर दिया जाता है| फिर कुछ समय के बाद स्त्री को Pregannacy Test Kit की सहयता से ये चैक करने के लिए कहा जाता है की उसने सफलतापूर्वक गर्भ धारण कर लिया है या नहीं| ९९% Cases में इस समय स्त्री गर्भ धारण कर लेती है| इस प्रक्रिया द्वारा होने वाले बचे को Test Tube कहा जाता है|

  • बहुत सरे जोड़े ये सवाल पूछते है की क्या ये जरूरी है की यदि आपने गर्भ धारण करने के लिए IVF का सहारा लिया है तो आप नॉर्मल डिलीवरी नहीं कर सकते?

ये बिलकुल ही गलत है, भ्रूण जब प्रत्योरोपित हो जाता है तो वो बिलकुल ही प्राकृतिक रूप से बढ़ता है | डिलीवरी के समय डॉक्टर स्त्री की शारीरिक क्षमता के आधार पर ये निर्णय लेते है की बच्चे को इस दुनिया में नार्मल डिलीवरी की सहायता से लाया जाये या फिर ऑपरेशन की सहायता से|

यदि आप भी इनफर्टिलिटी नामक समस्या का सामना कर रहे हैं तो घबराने की जरूरत नहीं है, इस समस्या का इलाज है जो की आपके माँबाप बनने के सपने को पूरा कर सकता है|